Naturopathy Dietitian - sawan में प्राकृतिक चिकित्सा अपनाए: डॉक्टर एम एच सिद्दीकी

आर एल पाण्डेय लखनऊ। sawan के महीना में पाचन तंत्र कमजोर होता है इसलिए आहार-विहार संबंधी नियमों का पालन जरूरी है इसके लिए आप कुछ प्राकृतिक नियमों को अपना सकते हैं बारिश के मौसम में हल्का खाना और ज्यादा तरल पदार्थ पीने का प्रयास करें

Naturopathy Dietitian - sawan में  प्राकृतिक चिकित्सा अपनाए: डॉक्टर एम एच सिद्दीकी
Naturopathy Dietitian - sawan में प्राकृतिक चिकित्सा अपनाए: डॉक्टर एम एच सिद्दीकी

ताजा फलों का जूस और मौसमी सब्जियां भी शरीर के लिए फायदेमंद होते हैं नाश्ते में फल सलाद और जूस ले सकते हैं कोशिश करें कि सुबह दूध नहीं पिए । लंच में सत्तू का सेवन फायदेमंद होता है आप खीरा और ककड़ी का सलाद भी ले सकते हैं बारिश के मौसम में दही खाने से बचना चाहिए ज्यादा दही खाने से आपका पाचन तंत्र बिगड़ सकता है रात के खाने में बेहद सावधानी बरतें कोशिश करें कि रात का खाना सूरज डूबने से  पहले कर लिया जाए डिनर में काफी हल्का भोजन लेना चाहिए बारिश के मौसम में अगर आप फिट और सभी बीमारियों से दूर रहना चाहते हैं तो जंक फूड से भी दूरी बनानी होगी ज्यादा ऑइली और मसालेदार खाना भी इस सीजन में आपकी सेहत बिगाड़ सकता है मानसून में ताजा गर्म और जल्दी पचने वाली चीजें खाने की सलाह दी जाती है जैसे पुराना गेहूं, चावल, मक्का, सरसों, मूंग की दाल, और अरहर की दाल, खिचड़ी , सभी हरी सब्जियां जैसे लौकी तोरई और टमाटर आदि खा सकते हैं फलों में सेब केला अनार और नाशपाती खाना सेहत के लिए फायदेमंद होता है।